11) स्वतंत्र न्यायपालिका की व्यवस्था भारत ने किस देश से ली है?
कनाडा
संयुक्त राज्य अमेरिका (USA)
ब्रिटेन
ऑस्ट्रेलिया
भारत में स्वतंत्र न्यायपालिका की व्यवस्था अमेरिका से ली गई है।
इसका अर्थ है कि न्यायालय सरकार से स्वतंत्र होकर निर्णय लेते हैं।
न्यायपालिका कार्यपालिका और विधायिका के नियंत्रण में नहीं होती।
सुप्रीम कोर्ट संविधान का संरक्षक और अंतिम व्याख्याकार है।
12) आपातकालीन शक्तियाँ किसके पास होती हैं?
प्रधानमंत्री
संसद
सुप्रीम कोर्ट
राष्ट्रपति
भारतीय संविधान में आपातकाल घोषित करने की शक्ति राष्ट्रपति के पास होती है।
यह प्रावधान अनुच्छेद 352, 356 और 360 में दिया गया है।
राष्ट्रपति यह घोषणा मंत्रिपरिषद की सलाह पर करते हैं।
आपातकाल के समय केंद्र सरकार की शक्तियाँ बढ़ जाती हैं।
ध्यान दें: इन आपातकालीन घोषणाओं को एक महीने के भीतर संसद के दोनों सदनों द्वारा मंजूरी मिलनी अनिवार्य है।
13) किस अनुच्छेद में सांविधानिक उपचारों का अधिकार दिया गया है?
अनुच्छेद 19
अनुच्छेद 32
अनुच्छेद 21
अनुच्छेद 14
सांविधानिक उपचारों का अधिकार अनुच्छेद 32 में दिया गया है।
इसके तहत नागरिक अपने मौलिक अधिकारों के उल्लंघन पर सीधे सुप्रीम कोर्ट जा सकते हैं।
डॉ. भीमराव आंबेडकर ने इसे संविधान की आत्मा और हृदय कहा था।
सुप्रीम कोर्ट रिट जारी करके अधिकारों की रक्षा करता है।
14) ‘जीवन के अधिकार’ को विस्तार देने वाला अनुच्छेद कौन-सा है?
अनुच्छेद 19
अनुच्छेद 14
अनुच्छेद 21
अनुच्छेद 32
अनुच्छेद 21 जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के अधिकार से संबंधित है।
सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसलों के माध्यम से इस अनुच्छेद का दायरा बहुत बढ़ाया है।
इसमें सम्मानपूर्वक जीवन, स्वच्छ पर्यावरण, शिक्षा, गोपनीयता जैसे अधिकार भी शामिल किए गए हैं।
इसलिए इसे जीवन के अधिकार को विस्तार देने वाला अनुच्छेद कहा जाता है।
15) अनुच्छेद 17 किससे संबंधित है?
समानता का अधिकार
स्वतंत्रता का अधिकार
धार्मिक स्वतंत्रता
अस्पृश्यता का उन्मूलन
अनुच्छेद 17 अस्पृश्यता के उन्मूलन से संबंधित है।
इसके तहत अस्पृश्यता को समाप्त घोषित किया गया है और इसका किसी भी रूप में पालन दंडनीय अपराध है।
यह मौलिक अधिकारों के अंतर्गत आता है।
इसका उद्देश्य सामाजिक समानता और न्याय स्थापित करना है।
संक्षेप में, अनुच्छेद 17 भारत में छुआछूत की सामाजिक बुराई को खत्म करने और सभी के लिए सामाजिक समानता स्थापित करने का एक संवैधानिक प्रावधान है.
16) धर्म की स्वतंत्रता किस अनुच्छेद में दी गई है?
अनुच्छेद 19–22
अनुच्छेद 29–30
अनुच्छेद 25–28
अनुच्छेद 32
धर्म की स्वतंत्रता का अधिकार अनुच्छेद 25 से 28 तक दिया गया है।
अनुच्छेद 25: अंतरात्मा की स्वतंत्रता और धर्म को अबाध रूप से मानने, आचरण करने और प्रचार करने की स्वतंत्रता।
अनुच्छेद 26: धधार्मिक मामलों के प्रबंधन की स्वतंत्रता।
अनुच्छेद 27: किसी विशिष्ट धर्म को बढ़ावा देने के लिए कर (Tax) देने से स्वतंत्रता।
अनुच्छेद 28: सरकारी शिक्षा संस्थानों में धार्मिक शिक्षा या पूजा में शामिल न होने की स्वतंत्रता।
17) मौलिक कर्तव्यों को संविधान में जोड़ने की सिफारिश किसने की थी?
संविधान सभा
स्वर्ण सिंह समिति
सच्चर समिति
सरकारिया आयोग
मौलिक कर्तव्यों को संविधान में जोड़ने की सिफारिश स्वर्ण सिंह समिति ने की थी।
इसके आधार पर 42वें संविधान संशोधन अधिनियम 1976 द्वारा इन्हें जोड़ा गया।
मौलिक कर्तव्य संविधान के भाग IVA में रखे गए हैं।
ये नागरिकों के नैतिक दायित्व बताते हैं।
18) नीति निदेशक सिद्धांत (DPSP) संविधान के किस भाग में हैं?
भाग III
भाग IV A
भाग IV
भाग II
नीति निदेशक सिद्धांत संविधान के भाग IV में दिए गए हैं।
ये अनुच्छेद 36 से 51 तक वर्णित हैं।
इनका उद्देश्य राज्य को सामाजिक और आर्थिक न्याय आधारित नीति बनाने का मार्ग दिखाना है।
ये न्यायालय द्वारा लागू नहीं कराए जा सकते, लेकिन शासन के लिए मार्गदर्शक हैं।
प्रेरणा: ये आयरिश संविधान (आयरलैंड) से प्रेरित हैं।
19) संविधान में भाषा से संबंधित समिति कौन सी थी?
मौलिक अधिकार समिति
मसौदा समिति
संघ शक्ति समिति
राजभाषा समिति
संविधान सभा में भाषा संबंधी प्रावधान तय करने के लिए राजभाषा समिति बनाई गई थी।
इसे मुंशी–आयंगार समिति भी कहा जाता है।
इस समिति ने राजभाषा, लिपि और अंकों के उपयोग पर सुझाव दिए।
इसके आधार पर हिंदी को देवनागरी लिपि में संघ की राजभाषा स्वीकार किया गया।
20) 8वीं अनुसूची में शुरू में कितनी भाषाएं थीं?
18
14
22
12
संविधान लागू होने के समय 8वीं अनुसूची में कुल 14 भाषाएं शामिल थीं।
असमिया, बंगाली, गुजराती, हिंदी, कन्नड़, कश्मीरी, मलयालम, मराठी, उड़िया, पंजाबी, संस्कृत, तमिल, तेलुगु और उर्दू।
बाद में विभिन्न संविधान संशोधनों द्वारा नई भाषाएं जोड़ी गईं।
सिंधी,कोंकणी, मणिपुरी, नेपाली, बोडो, डोगरी, संथाली, मैथिली
इसलिए “शुरू में = 14” और “वर्तमान = 22” याद रखना महत्वपूर्ण है।
21) लोकसभा सदस्य बनने के लिए न्यूनतम आयु कितनी होनी चाहिए?
30 वर्ष
25 वर्ष
21 वर्ष
35 वर्ष
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 84 के अनुसार लोकसभा सदस्य बनने के लिए न्यूनतम आयु 25 वर्ष निर्धारित की गई है। इसके अतिरिक्त व्यक्ति भारत का नागरिक होना चाहिए तथा अन्य विधिक योग्यताओं को भी पूरा करना आवश्यक है।
- लोकसभा सदस्य → 25 वर्ष
- राज्यसभा सदस्य → 30 वर्ष
- राष्ट्रपति → 35 वर्ष
- राज्यपाल → 35 वर्ष
- मुख्यमंत्री → 25 वर्ष (क्योंकि वह विधान सभा सदस्य होता है)
22) राज्यसभा की अधिकतम सदस्य संख्या कितनी निर्धारित की गई है?
250
245
238
252
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 80 के अनुसार राज्यसभा की अधिकतम सदस्य संख्या 250 निर्धारित की गई है। इनमें से 238 सदस्य राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों का प्रतिनिधित्व करते हैं तथा 12 सदस्यों को राष्ट्रपति द्वारा साहित्य, विज्ञान, कला एवं सामाजिक सेवा के क्षेत्र में विशेष ज्ञान या अनुभव के आधार पर नामित किया जाता है।
23) उपराष्ट्रपति राज्यसभा का क्या होता है?
सदस्य
नेता सदन
पदेन सभापति
उपसभापति
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 64 के अनुसार उपराष्ट्रपति राज्यसभा का पदेन सभापति होता है। वह राज्यसभा की बैठकों की अध्यक्षता करता है, परंतु सामान्य परिस्थितियों में मतदान नहीं करता। मतों की समानता की स्थिति में उसे निर्णायक मत (Casting Vote) देने का अधिकार होता है।
24) प्रधानमंत्री की नियुक्ति कौन करता है?
लोकसभा अध्यक्ष
संसद
भारत का मुख्य न्यायाधीश
राष्ट्रपति
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 75(1) के अनुसार प्रधानमंत्री की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा की जाती है।
सामान्यतः राष्ट्रपति लोकसभा में बहुमत प्राप्त दल या गठबंधन के नेता को प्रधानमंत्री नियुक्त करता है।
प्रधानमंत्री की सलाह पर ही अन्य मंत्रियों की नियुक्ति होती है तथा मंत्रिपरिषद लोकसभा के प्रति सामूहिक रूप से उत्तरदायी होती है।
25) संसद की संयुक्त बैठक कौन बुलाता है?
प्रधानमंत्री
राष्ट्रपति
लोकसभा अध्यक्ष
राज्यसभा के सभापति
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 108 के अनुसार संसद की संयुक्त बैठक राष्ट्रपति द्वारा बुलाई जाती है।
संयुक्त बैठक तब आयोजित की जाती है जब लोकसभा और राज्यसभा के बीच किसी साधारण विधेयक को लेकर गतिरोध उत्पन्न हो जाता है।